शामली। यूपी के शामली जिले में फिल्म “बदलापुर” जैसी वारदात सामने आई है। झिंझाना थाना क्षेत्र के गांव मंगलौरा में पिता के हत्यारे से बेटे ने 15 साल बाद बदला लिया। शुक्रवार शाम, जब जयवीर खेत से घर लौट रहा था, तो उसके पड़ोसी और दोस्त राहुल उर्फ छोटू (27) ने उस पर तीन राउंड फायरिंग कर दी।
जयवीर के सीने में गोली लगने के बाद वह लहूलुहान होकर गिर पड़ा। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने उसे अस्पताल ले जाने की कोशिश की, लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। आरोपी राहुल घटना के बाद फरार हो गया।
🔹 घटना का विवरण
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जयवीर (50), गांव मंगलौरा का निवासी और राहुल का पड़ोसी, खेत से घर लौट रहा था।
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यमुना बांध मार्ग पर राहुल ने उस पर गोली चलाई।
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ग्रामीणों ने बताया कि गोली चलने के तुरंत बाद क्षेत्र में डर और अफरा-तफरी मच गई।
🔹 पीछे की कहानी: 15 साल पुराना बदला
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2011 में जयवीर ने राहुल के पिता सत्यभान की हत्या की थी।
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इस मामले में जयवीर को अदालत ने सजा सुनाई और वह 11 साल जेल में रहा।
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चार साल पहले जेल से रिहा होने के बाद जयवीर खेती-बाड़ी करने लगा और गांव में सामान्य जीवन बिताने लगा।
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राहुल ने अपने पिता की हत्या का बदला लेने के लिए चार साल तक मेलजोल बढ़ाया, दोस्ती की और फिर फायरिंग की।
🔹 परिवार और ग्रामीणों की प्रतिक्रिया
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सत्यभान की पत्नी ने बताया कि राहुल उनका इकलौता बेटा था और केवल 5वीं कक्षा तक पढ़ा था।
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परिवार को आश्चर्य हुआ कि राहुल के मन में बदले की भावना थी।
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ग्रामीणों ने भी देखा कि दोनों की दोस्ती सामान्य लग रही थी, किसी को अंदाजा नहीं था कि बदला अभी बाकी है।
🔹 पुलिस की कार्रवाई
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थाना प्रभारी जितेंद्र शर्मा ने बताया कि राहुल के खिलाफ छानबीन और गिरफ्तारी अभियान शुरू कर दिया गया है।
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पुलिस ने मौके पर कई टीमें और फोर्स तैनात की हैं।
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अभी तक हत्या में इस्तेमाल हथियार बरामद नहीं हुआ।
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एएसपी संतोष कुमार सिंह ने कहा कि आरोपी की तलाश जारी है और जल्द गिरफ्तारी की जाएगी।
🔹 कानूनी दृष्टि और सामाजिक संदेश
इस घटना ने दिखाया कि पुरानी रंजिश और बदले की भावना कैसे समय बीतने के बावजूद जानलेवा हो सकती है। ग्रामीण अपराधों की निगरानी और पुलिस की सक्रियता इस तरह की घटनाओं को रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
यह घटना उत्तर प्रदेश के ग्रामीण इलाकों में पुरानी रंजिश और बदले की भावना की गंभीर चुनौती को उजागर करती है। पुलिस की कार्रवाई और आरोपी की जल्द गिरफ्तारी ही इस मामले में न्याय सुनिश्चित कर सकती है।


