लखनऊ। लखनऊ नगर निगम कॉन्ट्रैक्ट एसोसिएशन के ठेकेदार अपनी बकाया पेमेंट की मांग को लेकर सोमवार को नगर आयुक्त गौरव कुमार के कार्यालय के बाहर धरने पर बैठे।
सुबह 11 बजे से प्रदर्शन शुरू हुआ और ठेकेदार “ठेकेदार एकता जिंदाबाद”, “पेमेंट करो” जैसे नारे लगा रहे हैं।
ठेकेदारों की शिकायतें
ठेकेदारों का कहना है कि 2022-23 सितंबर तक नगर निगम ने लगभग 100 ठेकेदारों का भुगतान किया, लेकिन अभी भी 300 ठेकेदारों का पेमेंट लंबित है।
दीपावली के समय वे अपने घर की जरूरतें और मार्केट की उधारी के लिए भुगतान की मांग कर रहे हैं।
महामंत्री मुकेश कुमार पांडेय ने बताया कि कुछ कामों का पेमेंट 2016 से भी लंबित है। उन्होंने सवाल उठाया कि ऐसे हालात में ठेकेदार कैसे और कब काम करेंगे।
नगर निगम से अपेक्षाएं
ठेकेदारों ने बताया कि नगर आयुक्त गौरव कुमार और मेयर सुषमा खर्कवाल को पत्र लिखकर बकाया पेमेंट और जीएसटी भुगतान की मांग की है।
हालांकि, सिर्फ आश्वासन ही मिला है।
ठेकेदारों का कहना है कि दीपावली से पहले पेमेंट का आश्वासन दिया गया था, लेकिन अभी तक धनराशि भुगतान नहीं हुई है।
धरना और विरोध का स्वरूप
धरने में ठेकेदार संपूर्ण नगर निगम मुख्यालय के बाहर बैठे हैं।
वे अपने बकाया भुगतान के समाधान और भविष्य में समय पर भुगतान की सख्त गारंटी की मांग कर रहे हैं।
धरने के दौरान ठेकेदारों ने शांतिपूर्ण तरीके से नारे लगाकर अपनी मांगों को उजागर किया।


