लखनऊ: में मंगलवार दोपहर 12:30 बजे इंडिया गठबंधन के उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार बी सुदर्शन रेड्डी सपा मुख्यालय पहुंचे। सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने उनका शॉल ओढ़ाकर स्वागत किया।
जस्टिस रेड्डी ने मीडिया से बातचीत में कहा कि उन्होंने नेताजी अखिलेश यादव की वजह से उपराष्ट्रपति का उम्मीदवार बनने का अवसर पाया। उन्होंने यह भी खुलासा किया कि नेताजी से हिंदी नहीं सीख पाए, लेकिन राजनीतिक और संवैधानिक मामलों में उनका मार्गदर्शन प्रेरणादायक रहा।
इंडिया गठबंधन का उद्देश्य और उम्मीदवारी
बी सुदर्शन रेड्डी इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार के रूप में संसद और राज्यों में प्रतिनिधित्व को मजबूत बनाने की दिशा में कदम बढ़ा रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य लोकतंत्र और संवैधानिक मूल्यों को मजबूती देना है।
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि रेड्डी जी की संवैधानिक योग्यता और अनुभव उन्हें उपराष्ट्रपति के पद के लिए सर्वश्रेष्ठ उम्मीदवार बनाता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि इंडिया गठबंधन लोकतंत्र और समावेशिता का प्रतीक है।
जस्टिस रेड्डी के प्रमुख संदेश
बी सुदर्शन रेड्डी ने कहा:
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नेताजी की प्रेरणा उनके लिए मार्गदर्शक रही।
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भाषा सीखना उनके लिए चुनौतीपूर्ण रहा, लेकिन काम और संवैधानिक ज्ञान में पूरी तरह निपुण हैं।
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उनका उद्देश्य संसदीय और सामाजिक सहयोग से लोकतंत्र को मजबूत करना है।
उनका मानना है कि सभी राजनीतिक दलों और नागरिकों को साथ लेकर चलना लोकतंत्र की मजबूती के लिए आवश्यक है।
निष्कर्ष
लखनऊ में बी सुदर्शन रेड्डी का स्वागत और उनके द्वारा जताया गया भरोसा इंडिया गठबंधन के उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के रूप में उनकी साख और लोकतांत्रिक प्रतिबद्धता को उजागर करता है। उनकी उम्मीदवारी आगामी उपराष्ट्रपति चुनाव में राजनीतिक और संवैधानिक चर्चा का प्रमुख विषय बनी रहेगी।


