लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानसभा के शीतकालीन सत्र के तीसरे दिन सदन के अंदर और बाहर कोडीन कफ सिरप कांड को लेकर जबरदस्त हंगामा देखने को मिला। विधान परिषद में इस मुद्दे पर चर्चा के दौरान डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य और नेता प्रतिपक्ष लाल बिहारी यादव के बीच तीखी नोकझोंक हो गई। बहस इतनी बढ़ी कि सदन में तू-तू, मैं-मैं की स्थिति बन गई।
नेता प्रतिपक्ष का सरकार पर बड़ा आरोप
सपा MLC लाल बिहारी यादव ने सरकार को घेरते हुए कहा—
“इतना बड़ा घोटाला चल रहा है और सरकार इनोसेंट हो, ये संभव नहीं। कोडीन कांड सरकार के संरक्षण में हो रहा है। अगर बुलडोजर में तेल नहीं है तो हम तेल का पैसा दे देंगे।”
उन्होंने साइबर क्राइम को लेकर भी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि न पैसा घर में सुरक्षित है और न ही बैंक में।
केशव मौर्य का पलटवार: ‘छलनी भी बोल रही’
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने जवाब में तीखा तंज कसते हुए कहा—
“सूप बोले तो बोले, छलनी भी बोले जिसमें 72 छेद। जितने गलत काम करने वाले लोग हैं, उनका समाजवादी पार्टी से जन्मजात रिश्ता है।”
इस पर नेता प्रतिपक्ष ने विरोध जताया, तो केशव मौर्य ने कहा कि सच सुनने का साहस होना चाहिए और उन्होंने विपक्ष को अपनी बात ध्यान से सुनने की नसीहत दी।
‘उड़ता यूपी’ की चेतावनी
इससे पहले सपा MLC शाहनवाज खान ने शेर पढ़ते हुए सरकार पर हमला बोला—
“इस दौर में लोगों में वफा ढूंढ रहे हो नादान हो साहब, जहर की शीशी में दवा ढूंढ रहे हो।”
उन्होंने कहा कि यह स्कैंडल सरकार के लिए आंख खोलने वाला है। शाहनवाज ने चेताया कि—
“एक ‘उड़ता पंजाब’ मूवी बनी थी, अगर सरकार नहीं संभली तो ‘उड़ता यूपी’ भी बन सकती है।”
सदन में लगातार हंगामा
सत्र के पहले दो दिनों से ही समाजवादी पार्टी कफ सिरप कांड को लेकर लगातार हंगामा कर रही है। तीसरे दिन भी हालात ऐसे ही बने रहे। सदन के बाहर भी विपक्ष ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
वंदेमातरम् पर भी सियासी संग्राम
सत्र के दौरान ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्ष पूरे होने पर चर्चा चल रही थी, लेकिन विपक्ष ने कोडीन कफ सिरप का मुद्दा जोड़ते हुए सरकार पर हमला जारी रखा। इस पर सत्ता पक्ष ने आरोप लगाया कि विपक्ष विषयांतर कर रहा है।
भाजपा का पलटवार
भाजपा MLC संतोष सिंह ने कहा—
“संविधान की दुहाई देने वालों की रगों में आज भी जिन्ना की नफरत दौड़ रही है। भारत जमीन का टुकड़ा नहीं, एक जीवंत शक्ति है।”
वहीं शिक्षक दल और भाजपा के अन्य सदस्यों ने वंदेमातरम् के विरोध को राजनीतिक बताते हुए कड़ी आलोचना की।
यूपी विधानसभा का शीतकालीन सत्र कोडीन कफ सिरप कांड और वंदेमातरम् जैसे मुद्दों पर पूरी तरह गरमा गया है। विपक्ष सरकार पर संरक्षण के आरोप लगा रहा है, जबकि सरकार पलटवार करते हुए विपक्ष को कटघरे में खड़ा कर रही है। आने वाले दिनों में यह मुद्दा और अधिक सियासी तूल पकड़ सकता है, जिससे सदन की कार्यवाही बार-बार बाधित होने की संभावना बनी हुई है।


