नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली के पूर्वी इलाके मयूर विहार से एक बेहद दुखद और चिंताजनक घटना सामने आई है। यहां स्थित लवली पब्लिक स्कूल में तीसरी कक्षा में पढ़ने वाली 9 वर्षीय छात्रा की अचानक मौत हो गई। बच्ची की तबीयत स्कूल के अंदर ही बिगड़ गई और वह क्लासरूम में अचानक जमीन पर गिर पड़ी। उसे तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
इस घटना के बाद स्कूल परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। वहीं, मासूम की मौत की खबर मिलते ही परिवार में दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। इस पूरे घटनाक्रम का CCTV फुटेज भी सामने आया है, जिसमें बच्ची अचानक गिरती हुई दिखाई दे रही है। अब पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि आखिर स्कूल में ऐसा क्या हुआ, जिसके बाद महज 9 साल की बच्ची की जान चली गई।
सुबह 9:52 बजे पुलिस को मिली घटना की सूचना
प्राप्त जानकारी के अनुसार, 4 नवंबर 2026 की सुबह करीब 9 बजकर 52 मिनट पर दिल्ली पुलिस के कंट्रोल रूम को PCR कॉल मिली। कॉल में बताया गया कि मयूर विहार स्थित लवली पब्लिक स्कूल की तीसरी कक्षा में पढ़ने वाली 9 वर्षीय छात्रा को अस्पताल लाया गया है।
बच्ची को पूर्वी दिल्ली के निर्माण विहार स्थित मलिक रेडिक्स हेल्थ केयर अस्पताल पहुंचाया गया था। वहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
सूचना मिलते ही पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया और घटना की परिस्थितियों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी।
CCTV में कैद हुआ बच्ची के गिरने का घटनाक्रम
इस मामले में सबसे महत्वपूर्ण बात स्कूल के क्लासरूम में लगे CCTV कैमरे की फुटेज है। शुरुआती जांच में सामने आए वीडियो में बच्ची अचानक धीरे-धीरे झुकती हुई दिखाई देती है और फिर जमीन पर गिर जाती है।
बताया जा रहा है कि बच्ची के गिरते ही क्लास में मौजूद शिक्षिका तुरंत उसकी तरफ दौड़ीं। उन्होंने बच्ची को उठाने और संभालने की कोशिश की। फुटेज में शिक्षिका बच्ची को कुर्सी पर बैठाने का प्रयास करती हुई भी दिखाई देती हैं।
इसके बाद शिक्षिका कुछ समय के लिए क्लासरूम से बाहर जाती हैं और फिर वापस आकर बच्ची को बाहर ले जाती हैं।
इस घटनाक्रम ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, CCTV में दिखाई देने वाली गतिविधियों के आधार पर बच्ची की मौत का वास्तविक कारण तय नहीं किया जा सकता। इसके लिए मेडिकल जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट महत्वपूर्ण होगी।
क्या अचानक बिगड़ी तबीयत बनी मौत की वजह?
बच्ची की मौत को लेकर सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर उसकी तबीयत अचानक क्यों बिगड़ी?
प्रारंभिक जानकारी में किसी मेडिकल समस्या की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हुआ है कि बच्ची को दिल से जुड़ी कोई परेशानी हुई थी, कोई अन्य स्वास्थ्य समस्या थी या इसके पीछे कोई दूसरा कारण था।
इसलिए फिलहाल हार्ट अटैक या किसी विशेष बीमारी को मौत की वजह बताना सही नहीं होगा।
पुलिस का कहना है कि घटना की वास्तविक परिस्थितियों का पता लगाने के लिए सभी जरूरी पहलुओं की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की वजह के संबंध में अधिक स्पष्ट जानकारी सामने आ सकेगी।

माता-पिता और स्कूल अधिकारियों के बयान होंगे दर्ज
पांडव नगर थाना पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है। पुलिस बच्ची के माता-पिता और स्कूल से जुड़े अधिकारियों के बयान दर्ज करेगी।
इसके साथ ही घटना के समय क्लासरूम में मौजूद शिक्षकों और अन्य संबंधित लोगों से भी जानकारी जुटाई जा सकती है।
जांच के दौरान स्कूल में लगे CCTV कैमरों की फुटेज को भी बारीकी से देखा जा रहा है। पुलिस यह समझने की कोशिश कर रही है कि बच्ची स्कूल पहुंचने के बाद किन परिस्थितियों से गुजरी और उसकी तबीयत बिगड़ने से पहले क्या हुआ था।
स्कूल परिसर के अन्य कैमरों की फुटेज भी घटनाक्रम की पूरी कड़ी समझने में मददगार हो सकती है।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़, स्कूल में भी शोक
महज 9 साल की उम्र में बच्ची की मौत ने सभी को झकझोर दिया है। जिस उम्र में बच्चे स्कूल में पढ़ाई, खेलकूद और दोस्तों के साथ समय बिताते हैं, उस उम्र में इस तरह की घटना बेहद पीड़ादायक है।
परिवार के लिए यह नुकसान कितना बड़ा है, इसका अंदाजा लगाना भी मुश्किल है। स्कूल में भी इस घटना के बाद चिंता और शोक का माहौल है।
इस घटना ने स्कूलों में बच्चों की स्वास्थ्य सुरक्षा और अचानक तबीयत बिगड़ने की स्थिति में तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने की व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार, जांच के बाद सामने आएगी सच्चाई
फिलहाल पुलिस की जांच जारी है। CCTV फुटेज, संबंधित लोगों के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर घटनाक्रम को समझने की कोशिश की जा रही है।
सबसे अहम पोस्टमार्टम रिपोर्ट होगी, जिससे बच्ची की मौत के कारण का पता लगाने में मदद मिलेगी।
अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और स्कूल में बच्ची के साथ हुई इस घटना की पूरी सच्चाई कब तक स्पष्ट हो पाती है।


