लखनऊ: के सुल्तानपुर रोड स्थित कबीरपुर इलाके में आज दोपहर उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब प्रसिद्ध इंडियन ढाबे में अचानक भीषण आग भड़क उठी। आग की लपटें कुछ ही मिनटों में ढाबे के अधिकांश हिस्से में फैल गईं। घटना की जानकारी मिलते ही हजरतगंज फायर कंट्रोल रूम ने तुरंत गोसाईगंज फायर स्टेशन को अलर्ट किया।
सूचना मिलते ही स्टेशन प्रभारी FSSO सत्येन्द्र कुमार सिंह अपनी टीम के साथ फायर टेंडर लेकर मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि पहुंचने के बाद देखा गया कि ढाबे में आग पूरी तरह फैल चुकी थी और चारों ओर घना धुआं छाया था। स्थिति नाजुक थी और आग तेजी से और बढ़ रही थी।
चारों दिशाओं से आग को घेरकर की गई कार्रवाई
फायर ब्रिगेड ने रणनीति बनाते हुए चारों दिशाओं से आग को घेरकर बुझाने की प्रक्रिया शुरू की। धुआं अंदर अत्यधिक मात्रा में भरा हुआ था, जिससे आग बुझाने में बाधा आ रही थी। आग की तीव्रता को देखते हुए अतिरिक्त सहायता के लिए एसजीपीजीआई फायर स्टेशन से एक और फायर टेंडर बुलाया गया।
दरवाजा काटकर निकाला गया धुआं
ढाबे के अंदर भरे घने धुएं के चलते फायर टीम को वेंटिलेशन बनाने की जरूरत पड़ी। इसके लिए ढाबे के पीछे की ओर बने दरवाजे को कटर मशीन से काटा गया, ताकि धुआं तेजी से बाहर निकल सके और आग पर नियंत्रण में आसानी हो सके।
लगभग 40 मिनट की कड़ी मशक्कत के बाद फायर कर्मियों ने आग पर पूरी तरह काबू पा लिया। राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी भी तरह की जनहानि नहीं हुई।
स्थानीय लोगों ने फायर ब्रिगेड की तत्परता और तेज कार्रवाई की सराहना की।
निष्कर्ष:
इंडियन ढाबे में लगी भीषण आग ने पल भर में पूरे ढांचे को अपनी चपेट में ले लिया, लेकिन फायर ब्रिगेड की त्वरित कार्रवाई और अतिरिक्त सहायता के कारण बड़ी दुर्घटना टल गई। समय पर किए गए वेंटिलेशन और दो फायर टेंडरों की मदद से आग को नियंत्रित किया गया। घटना में कोई जनहानि न होना राहत की बात है।


