लखनऊ।
राजधानी लखनऊ में भारतीय अवस्थी किसान संगठन (अराजनीतिक) ने बुधवार को नगर निगम मुख्यालय का घेराव किया।
किसानों ने अतिक्रमण, अवैध डेयरियों, टूटी सड़कों, जलभराव और सुरक्षा की खराब स्थिति को लेकर तीव्र विरोध जताया।
इस दौरान बड़ी संख्या में किसान, महिलाएं और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
🚜 किसान बोले — “शिकायतों पर नहीं होती कार्रवाई”
प्रदर्शन का नेतृत्व करते हुए संगठन के जिलाध्यक्ष पंकज गुप्ता ने कहा कि क्षेत्र के लोग लंबे समय से बदहाल बुनियादी सुविधाओं से जूझ रहे हैं।
उन्होंने कहा —
“फैजुल्लागंज में 50 फीट चौड़ी सड़क पर लोगों ने कब्जा कर लिया है, अब सिर्फ 10 फीट रास्ता बचा है। शिकायतें देने के बावजूद कोई सुनवाई नहीं होती।”
संगठन के कार्यकर्ता प्रभाकर गुप्ता ने बताया कि क्षेत्र में अवैध डेयरियां चल रही हैं।
नगर निगम अधिकारी किसानों को नोटिस तो देते हैं, लेकिन डेयरी संचालकों और अतिक्रमणकारियों पर कोई कार्रवाई नहीं होती।
🧱 अतिक्रमण और डेयरियों से जाम और गंदगी
किसानों ने बताया कि बेरी होटल चौराहे के पास सड़क पर अतिक्रमण और टाइल्स लगाकर कब्जा किया गया है।
इससे लगातार जाम की स्थिति बनी रहती है।
कई जगहों पर भैंसें खुली घूमती हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है।
किसानों ने मांग की कि इन्हें शहर से बाहर किया जाए।
💧 जलभराव और टूटी नालियों से परेशानी
मधुवन विहार कॉलोनी में जलभराव की गंभीर समस्या है।
किसानों ने कहा कि बारिश के दौरान पानी भर जाने से लोगों का निकलना मुश्किल हो जाता है।
बेरी होटल देसी शराब ठेके के पास 200 मीटर लंबी नाली टूट चुकी है, जिसका पुनर्निर्माण तुरंत कराया जाए।
💡 स्ट्रीट लाइट और सुरक्षा की समस्या
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि कई जगहों पर स्ट्रीट लाइटें खराब हैं और रात में अंधेरा रहता है।
खासकर कैलाशा धाम मंदिर से अल्काफिया मस्जिद तक का इलाका पूरी तरह अंधेरे में डूबा रहता है।
यहां आवारा कुत्तों की भरमार है, जिससे बच्चों और महिलाओं की सुरक्षा खतरे में है।
🏪 सर्विस रोड पर अवैध कब्जा
अजीज नगर पुलिस चौकी से महर्षिनगर प्रवेश द्वार तक सर्विस रोड पर ठेले और अवैध दुकानें लग गई हैं।
इससे ट्रैफिक बाधित होता है और दुर्घटनाएं होती हैं।
किसानों ने इन अवैध कब्जों को तुरंत हटाने की मांग रखी।
🪧 महिलाएं भी उतरीं सड़कों पर
प्रदर्शन में बड़ी संख्या में महिलाएं भी शामिल हुईं, जिन्होंने कहा कि
“हमारे बच्चे टूटी सड़कों और खुले नालों से होकर स्कूल जाते हैं। हर बार शिकायत के बावजूद अधिकारी सिर्फ आश्वासन देते हैं।”
👮♂️ नगर निगम के बाहर प्रदर्शन जारी
किसानों ने नगर निगम गेट पर धरना शुरू कर दिया।
उन्होंने चेतावनी दी कि अगर जल्द समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो वे वृहद आंदोलन करेंगे।
संगठन ने ज्ञापन सौंपकर कहा कि नागरिकों को सुरक्षित, स्वच्छ और सुविधाजनक वातावरण मिलना सरकार की जिम्मेदारी है।


