झांसी। झांसी के बुंदेलखंड विश्वविद्यालय में शुक्रवार को समाजवादी पार्टी के संरक्षक मुलायम सिंह यादव की पुण्यतिथि के मौके पर आयोजित कार्यक्रम के दौरान बवाल मच गया।
कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे पूर्व केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस नेता प्रदीप जैन आदित्य को अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के कार्यकर्ताओं ने गेट पर रोक लिया।
घटना के बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया। ABVP कार्यकर्ताओं ने विश्वविद्यालय के मेन गेट पर ताला डाल दिया और नारेबाजी शुरू कर दी। पूर्व मंत्री की गाड़ी को घेरकर प्रदर्शनकारियों ने जूते-चप्पल भी फेंके।
प्रदर्शनकारियों का आरोप और हंगामा
ABVP कार्यकर्ताओं का आरोप है कि कार्यक्रम के दौरान जब वे छात्रों से जानकारी ले रहे थे, तभी सपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उनके साथ मारपीट की।
इसी बात से नाराज होकर एबीवीपी के छात्र नेता गेट पर धरने पर बैठ गए। उन्होंने मांग की कि जब तक सपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर एफआईआर दर्ज नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन बोले— “ऐसे ही होती है मॉब लिंचिंग”
घटना के बाद मीडिया से बात करते हुए प्रदीप जैन ने कहा—
“मुझे इस कार्यक्रम में आमंत्रित किया गया था। जैसे ही मैं विश्वविद्यालय पहुंचा, एबीवीपी के छात्रों ने मेरी गाड़ी को रोक लिया।
मुझे अंदर जाने नहीं दिया गया। दो घंटे से बाहर खड़ा हूं।
यह लोकतंत्र पर हमला है। इस तरह से ही देश में मॉब लिंचिंग होती है।”
कुलपति की तस्वीर पर स्याही फेंकी
हंगामा यहीं नहीं थमा। प्रदर्शन के दौरान ABVP कार्यकर्ताओं ने विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. मुकेश पांडेय की तस्वीर पर स्याही फेंकी और “कुलपति मुर्दाबाद” के नारे लगाए।
इसके बाद मौके पर पहुंचीं एसपी सिटी प्रीति सिंह ने प्रदर्शन कर रहे छात्रों से बातचीत की और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया।
मेन गेट पर ताला, प्रवेश और निकास बंद
प्रदर्शनकारियों ने विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर ताला डाल दिया, जिससे किसी को भी अंदर या बाहर आने-जाने की अनुमति नहीं थी।
मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि किसी अप्रिय घटना को रोका जा सके।


